फुटबॉल के ‘जीओआईटी’ (GOAT) पर उठ रहे सवाल
फुटबॉल की दुनिया में लियोनेल मेस्सी का नाम किसी परिचय का मोहताज नहीं है। लेकिन हाल ही में, मेस्सी अपने खेल से ज्यादा एक विवादास्पद घटना के कारण चर्चा में हैं। अर्जेंटीना और स्पेन के बीच हालिया तनावपूर्ण मुकाबलों के दौरान, मेस्सी की मार्क कुकुरेला के साथ हुई एक हरकत ने फैंस को हैरान कर दिया है। सोशल मीडिया पर फैंस यह सवाल पूछ रहे हैं कि क्या महानता के शिखर पर बैठा खिलाड़ी अब ‘सस्ती हरकतों’ पर उतर आया है?
क्या हुआ था उस पल में?
मैच के दौरान मेस्सी और स्पेनिश डिफेंडर मार्क कुकुरेला के बीच काफी गहमागहमी देखने को मिली। वीडियो फुटेज में साफ देखा जा सकता है कि मेस्सी ने रेफरी को प्रभावित करने और कुकुरेला को रेड कार्ड दिलाने के लिए एक ‘शॉकिंग’ प्रयास किया। मेस्सी की इस खेल भावना के विपरीत व्यवहार ने फुटबॉल प्रेमियों को दो खेमों में बांट दिया है।
मेस्सी की आलोचना क्यों हो रही है?
आमतौर पर मेस्सी को खेल की बारीकियों और शालीनता के लिए जाना जाता है। हालांकि, इस घटना ने उनकी छवि को थोड़ा धूमिल किया है। खेल जानकारों का मानना है कि मेस्सी जैसा अनुभवी खिलाड़ी, जिसने खेल के हर बड़े मुकाम को हासिल किया है, उसे इस तरह की ‘ड्रामाबाजी’ करने की जरूरत नहीं होनी चाहिए। खेल विशेषज्ञों ने इसे ‘अनप्रोफेशनल’ करार दिया है।
क्या यह सिर्फ खेल का हिस्सा है?
दूसरी तरफ, कुछ समर्थकों का तर्क है कि उच्च दबाव वाले मैचों में खिलाड़ी अक्सर भावनाओं में बह जाते हैं। कुकुरेला के साथ उनकी भिड़ंत को गेम का एक हिस्सा माना जा रहा है। हालांकि, जिस तरह से मेस्सी ने रेफरी को अपनी बात मनवाने की कोशिश की, उसे खेल भावना के खिलाफ माना जा रहा है।
निष्कर्ष
मेस्सी की यह हरकत यह साबित करती है कि मैदान पर जीत का दबाव कितना अधिक होता है। चाहे आप कितने भी बड़े खिलाड़ी क्यों न हों, खेल का जुनून कभी-कभी गलत दिशा में भी चला जाता है। फैंस अब देखना चाहते हैं कि क्या मेस्सी आने वाले मैचों में अपनी इस छवि को फिर से सुधार पाएंगे या यह विवाद उनके करियर पर एक धब्बे की तरह रहेगा।
